Sunday, 17 March 2013

लगता है नितीश कुमार हिंदुत्व का डबलबेड अब काटने को दौड़ रहा है तभी कांग्रेस की चरमराती खटिया की ओर ललचाई नजरों से देख रहे हैं। पता नहीं उनको उस कांग्रेसी खटिये की चरमराहट में इटली का संगीत कैसे सुनाई दे रहा है खैर ये वो ही जाने लेकिन अब पता नहीं मोदी के नामोमंत्र के बाद उनको क्या हुआ कि मय जद्दू राज्जा-गदाई ले कर पहुँच गए रामलीला मैदान, मैंने एक जद्दू नेता से पूछा तो कहने लगे "...हम लोग संघर्ष करने आए हैं ..." मैंने पूछा "...किस रासलीला के लिए ..." वो बोले "...रासलीला के लिए नहीं स्पेशल दर्जे के लिए .." मैंने कहा "...ये कौन सा दर्जा होता है ..." वो गुस्से में बोले "...आपको नहीं पता है क्या बिहार कितना पिछड़ा है ...?" मैंने कहा "...तो शासन किस लिए कर रहे हैं ...?" उन्होंने कहा "...हम चुनाव जीते है ..." मैंने कहा "...जिसके साथ जीते हैं वो तो नरेंद्र मोदी की तरह कॉंफिडेंट है आपकी ही ..." वो बीच में ही बात कटते हुए बोले "...मोदी का नाम मत लीजिये ..." मैंने कहा "...क्यों खटमल के भी कान होते हैं क्या ..." वो थोडा झल्लाते हुए बोले "...हम लोगों को विशेष पैकेज चाहिए ..." मैंने कहा "...उनके खटिया का तो उडिचन ही ढीला होता जा रहा है आप जाएँगे लीकेज से तो टूटेगा नहीं...?" वो बोले "...हम उसी के साथ रहेंगे जो ये सुविधा हमको देगा ..." मैंने कहा "...राज्जा-गदाई तो आपके पास है ही फिर परशानी क्या है ..." उन्होंने उत्तर देते हुए कहा "...परेशानी है तभी न ..." मैंने कहा "...जो आपको ऐसी बढ़िया सुविधा दे रहा है उसकी सुविधा आपको काट रही है ..." वो नाराज होते हे बोले "...नहीं चाहिए हमको ऐसी सुविधा ..." मैंने पूछा "...इतनी बढ़िया राज्जा - गदाई है लेकिन खटिया आपकी गोल है ..." वो मुझे समझाते हुए बोले "...देखिये हम लोग नरेंद्र मोदी को बर्दाश्त नहीं कर सकते ..." मैंने कहा "...यही बात तो आप अडवानी जी के पहले भी कहते फिर रहे थे ..." वो बोले "...तब की बात और थी ..." मैंने कहा "...क्यों मोदी की मिठाई गप्प से अन्दर जब अहसान की बारी आई तो उसी से पेट खराब होने की नौटंकी हो रही है ..." वो बोले "...जो भी हो हम और नरेंद्र मोदी साथ-साथ नहीं रह सकते ..." मैंने कहा "...स्पेशल का दर्जा उसको मिलता है जो स्पेशल होता है ...तो मोदी की तरह स्पेशल क्यों नहीं हो जाते ..." वो बोले "...हम लोग सेक्युलर हैं ..." मैंने कहा "....पहले जिसके साथ सोफे पर आराम फरमा चुके हैं क्या वैसा कुछ मिलेगा ...?" वो बोले "...हमको हमारा अधिकार चाहिए बस ..." मैंने कहा "...नरेंद्र मोदी ने आपको आपका अधिकार कोसी के बाढ़ के समय दिया तो क्यों फेर दिए थे आप ...?" वो बोले "...ईमान भी कोई चीज होती है ..." मैंने कहा "...बगैर खटिया के आपकी इमादारी पर कोई विश्वास कैसे करे ...?" वो मरे खुशी से सीना चौड़ा करते हुए बोले "...यही तो ! कांग्रेस में क्रेडिबिलिटी का कोई सवाल ही नहीं है ..." मैंने कहा "...बिहार में आपकी जमीन है ही कहाँ ..." वो बोले "...देखिये हम वो कर के दिखा देंगे ..." मैंने कहा "...हाँ ...मन चंगा तो पटना में दरभंगा ...!" वो बोले "...बीजेपी हमारे कारण सत्ता में आई है ..." मैंने कहा " ...वो तो सफलता में आपसे 25% आगे यानी 92% पर हैं ...कहीं रज्जो - गदाई गोल हो गया तो ...?" वो बोले "...जो भी हो हम अपना अधिकार ले के रहेंगे ..." मैंने कहा "...ढीले हो चुके उडिचन वाली खटिया की चरमराहट से निकलने वाला इटैलियन संगीत वाह इटली क्या बात है ...मैंने कहा नमस्कार .. भगवान आपको स्पेशल दर्जे का पैकेज दिलवाए ....!   

No comments:

Post a Comment